मा.विद्या. शाहपुर में हर्षोल्लास से मनाई गई "श्री कृष्ण जन्माष्टमी"मटकी फोड़ प्रतियोगिता हुई आयोजित

 मा.विद्या. शाहपुर में हर्षोल्लास से मनाई गई "श्री कृष्ण जन्माष्टमी"मटकी फोड़ प्रतियोगिता हुई आयोजित

मा.विद्या. शाहपुर में हर्षोल्लास से मनाई गई "श्री कृष्ण जन्माष्टमी"मटकी फोड़ प्रतियोगिता हुई आयोजित

मध्य प्रदेश समाचार न्यूज़कटनी।पावन पवित्र पर्व श्रीकृष्ण जन्माष्टमी शा.मा. शाला शाहपुर में हर्षोल्लास एवं धूमधाम से मनाई गई।सर्वप्रथम विधि विधान से भगवान की पूजा अर्चना की गई श्रीचरणों में पुष्प अर्पित किये गये । तत्पश्चात शिक्षक,छात्र,अभिभावक गणों द्वारा त्रिलोकीनाथ भगवान श्रीकृष्ण के भजनों की प्रस्तुतियां दी गई।विद्या.के छात्र सुमित,देव,मान्या, पूनम, अंशिका द्वारा श्रीकृष्ण के भजनों का गायन किया गया,शिक्षक, उपस्थित जनों ने सर्वेश्वर भगवान बांके बिहारी की शिक्षा,नीति,मित्रता राष्ट्रधर्म,लोकधर्म,सत्य,निष्ठा पर अपने अपने विचार प्रस्तुत किये।

मा.विद्या. शाहपुर में हर्षोल्लास से मनाई गई "श्री कृष्ण जन्माष्टमी"मटकी फोड़ प्रतियोगिता हुई आयोजित

विद्या. प्रभारी रमाशंकर तिवारी ने कहा कि जहां सत्य है, जहां नियम,जहाँ दया है, जहाँ धर्म,जहाँ मर्यादा है, जहाँ प्रेम है, जहाँ न्याय है, जहाँ कर्म है उस हर स्थान पर जगत के पालक,रक्षक,संरक्षक, कल्याणकर्ता,मंगलकर्ता,दुखहर्ता भगवान श्रीकृष्ण है श्रीकृष्ण की महिमा का वर्णन संसार मे कोई भी नहीं कर सकता वो अनंत,अनादि हैं।

मा.विद्या. शाहपुर में हर्षोल्लास से मनाई गई "श्री कृष्ण जन्माष्टमी"मटकी फोड़ प्रतियोगिता हुई आयोजित

विद्या के शिक्षक रमाशंकर तिवारी,देवेंद्र कुलहरा, पंकज पंवार, अजय त्रिपाठी, अभिनय मिश्रा द्वारा मुरलीधर के भजनों का गायन किया विद्या. की शिक्षिका आस्था सिंह भगवान के जन्म पर गाया जाने वाले सोहर की बहुत सुंदर प्रस्तुतियां प्रदान की।श्रीकृष्ण जन्माष्टमी"के पावन अवसर पर विद्या. में "मटकी फोड़ प्रतियोगिता,का भी आयोजन किया गया जिसमें सभी बहुत आनंदित दिखे ।   छात्र,छात्राओ,शिक्षको सभी ने प्रतियोगिता में भाग लिया विद्या. के शिक्षक अभिनय मिश्रा द्वारा मटकी फोड़कर प्रतियोगिता में विजय प्राप्त की अंत मे प्रसाद वितरण कर कार्यक्रम का समापन किया गया।

मा.विद्या. शाहपुर में हर्षोल्लास से मनाई गई "श्री कृष्ण जन्माष्टमी"मटकी फोड़ प्रतियोगिता हुई आयोजित

  मध्य प्रदेश समाचार न्यूज़ संपादक श्यामलाल सूर्यवंशी


Post a Comment (0)
Previous Post Next Post