असंवैधानिक तरीके से बिना किसी साक्ष्य के 167 मुस्लिम बच्चों को मानव तस्करी का झूठा आरोप लगाकर कटनी स्टेशन पर रोका गया मध्य प्रदेश मुस्लिम परिषद ने पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल भैया को सौंपा ज्ञापन – तत्काल बच्चों को परिजनों को सौंपने का आदेश देने की मांग

 असंवैधानिक तरीके से बिना किसी साक्ष्य के 167 मुस्लिम बच्चों को मानव तस्करी का झूठा आरोप लगाकर कटनी स्टेशन पर रोका गया मध्य प्रदेश मुस्लिम परिषद ने पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल भैया को सौंपा ज्ञापन – तत्काल बच्चों को परिजनों को सौंपने का आदेश देने की मांग

असंवैधानिक तरीके से बिना किसी साक्ष्य के 167 मुस्लिम बच्चों को मानव तस्करी का झूठा आरोप लगाकर कटनी स्टेशन पर रोका गया मध्य प्रदेश मुस्लिम परिषद ने पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल भैया को सौंपा ज्ञापन – तत्काल बच्चों को परिजनों को सौंपने का आदेश देने की मांग

 मध्य प्रदेश समाचार न्यूज़कटनी/ 21 अप्रैल 2026 – मध्य प्रदेश के कटनी रेलवे जंक्शन पर 11 अप्रैल 2026 को पटना-पुणे एक्सप्रेस (17609) के स्लीपर कोच से 167 मुस्लिम बच्चों (6 से 15 वर्ष) तथा उनके 8 अध्यापकों को बिना किसी ठोस प्रमाण के मानव तस्करी के झूठे आरोप में उतार लिया गया। बच्चों को जबरन कटनी और जबलपुर के चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (CWC) में भेज दिया गया। आज 10वें दिन भी बच्चे CWC में बंद हैं, जबकि उनके अभिभावक शपथ-पत्र, अंडरटेकिंग और स्थानीय ग्राम पंचायतों के प्रमाण-पत्र लेकर बच्चों को लेने पहुंच चुके हैं।

मध्य प्रदेश मुस्लिम परिषद ने पूर्व नेता प्रतिपक्ष

 (विधानसभा) और म.प्र. कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ नेता अजय सिंह राहुल भैया को विस्तृत ज्ञापन सौंपते हुए मांग की है कि:जबलपुर एवं कटनी आर.पी.एफ., जी.आर.पी. तथा CWC को तत्काल आदेश दिया जाए कि बच्चों को उनके परिजनों को सुरक्षित एवं स्वस्थ रूप से सौंप दिया जाए।दोषी पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही की जाए।बच्चों को बिना किसी देरी के लातूर (महाराष्ट्र) स्थित मदरसे में शिक्षा ग्रहण करने या घर वापस भेजने की व्यवस्था की जाए।परिषद ने ज्ञापन में स्पष्ट किया है कि:सभी बच्चे आरक्षित कोच में वैध टिकट लेकर अपने अभिभावकों की लिखित सहमति से शिक्षा प्राप्त करने के लिए यात्रा कर रहे थे।पटना, मिर्जापुर और सतना स्टेशन की पुलिस ने बच्चों की जांच कर आगे जाने दिया था, केवल कटनी में अचानक रोक लिया गया।शंका के आधार पर भी कानून के अनुसार 24 घंटे के अंदर अभिभावकों को सूचना देना पुलिस का कर्तव्य था, जो नहीं किया गया।अधिकांश बच्चों के अभिभावक तथा अररिया-सुपौल की ग्राम पंचायतों ने CWC को प्रमाण-पत्र भेज दिए हैं।परिषद ने इसे प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का उल्लंघन और बिना विवेचना के की गई कार्यवाही बताया है।

ज्ञापन में अंतिम आग्रह

“मदरसे जाने वाले बच्चों की शीघ्र मुक्ति और दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही में आपका विशेष योगदान अत्यंत आवश्यक है।”

असंवैधानिक तरीके से बिना किसी साक्ष्य के 167 मुस्लिम बच्चों को मानव तस्करी का झूठा आरोप लगाकर कटनी स्टेशन पर रोका गया मध्य प्रदेश मुस्लिम परिषद ने पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल भैया को सौंपा ज्ञापन – तत्काल बच्चों को परिजनों को सौंपने का आदेश देने की मांग



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